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उधमसिंह नगर

शिलान्यास होने के बाद भी नहीं हुआ सड़क का निर्माण,ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन। बोले अब चलने लायक नहीं बची है महतोष से नवाबगंज तक की सड़क। पूर्व विधायक ठुकराल पहुंचे मौके पर, आंदोलन की चेतावनी

रुद्रपुर(खबर धमाका)। महतोष से नवाबगंज तक के करीब चार किलोमीटर लंबे मार्ग का निर्माण वर्षों से लंबित रहने से आक्रोशित ग्रामीणों ने रतनपुरी स्थित शिव मंदिर के पास एकत्र होकर जोरदार प्रदर्शन किया और मुख्य मार्ग पर धरना देकर घंटों जाम लगा दिया। ग्रामीणों के इस आंदोलन को समर्थन देने पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने सरकार व क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों की कार्यप्रणाली पर तीखा प्रहार किया। ग्रामीणों का आरोप है कि महतोष-नवाबगंज मार्ग की स्थिति अब चलने लायक भी नहीं बची है। सबसे आश्चर्यजनक और विडंबनापूर्ण पहलू यह है कि इस मार्ग का जनप्रतिनिधियों द्वारा औपचारिक रूप से शिलान्यास भी किया जा चुका है, लेकिन मौके पर पत्थर लगने के बावजूद धरातल पर निर्माण कार्य एक इंच भी आगे नहीं बढ़ा। प्रदर्शनकारियों ने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि नेता केवल नारियल फोड़ने और फीता काटने तक सीमित रह गए हैं, जबकि क्षेत्रीय जनता धूल, कीचड़ और जानलेवा गड्ढों के बीच खुद को ठगा हुआ महसूस कर रही है। रतनपुरी, रतनपुरा, अलखदेवी, महतोष, संजय नगर और नवाबगंज से आए ग्रामीणों ने बताया कि इस जर्जर सड़क पर दिन-रात भारी डंपर और ट्रक दौड़ते हैं, जिससे सड़क अब बड़े-बड़े खड्डों में तब्दील हो चुकी है। आए दिन होने वाली दुर्घटनाओं के कारण इस मार्ग पर सफर करना अब जान जोखिम में डालने जैसा हो गया है। दोपहर बाद लोक निर्माण विभाग के जेई हरीश बसेड़ा और सचिन नौटियाल मौके पर पहुंचे, जहाँ पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल के नेतृत्व में ग्रामीणों ने उनका घेराव कर जमकर खरी-खोटी सुनाई। ठुकराल ने शासन-प्रशासन की उदासीनता पर सवाल उठाते हुए कहा कि शिलान्यास के बाद भी बजट या कार्य का अता-पता न होना सीधे तौर पर प्रशासन की विफलता है। उन्होंने लोनिवि अधिकारियों को अल्टीमेटम देते हुए चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के भीतर सड़क का निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ, तो वे ग्रामीणों के साथ मिलकर लोक निर्माण विभाग के कार्यालय पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर देंगे। लोनिवि अधिकारियों ने स्थिति को भांपते हुए जल्द से जल्द निर्माण प्रक्रिया शुरू करने का आश्वासन दिया। धरना प्रदर्शन में मुख्य रूप से ग्राम प्रधान प्रदीप सिंह बतरा, उज्जवल सिंह, मुख्त्यार सिंह, प्रदीप सिंह, भजनीक सिंह, गुरदीप सिंह, गगन दीप सिंह, सरदार सिंह, बलविंदर सिंह, भूपेन्द्र सिंह, मलकीत सिंह, मंजीत सिंह, गुरबाज सिंह, रणजीत सिंह, पवनदीप, रामपाल, लाल चन्द्र, जोगेन्द्र सिंह, बलिहार सिंह सहित सैकड़ों की संख्या में क्षेत्रीय ग्रामीण मौजूद थे।