गुनाह:दंगा भड़काने की साजिश,कार्यवाही शांति भंग! आखिर लगातार माहौल बिगाड़न रहे अजीम पर क्यों मैहरवान है पुलिस महकमा। अपनी हरकतों से सस्पेंड चल रहे आजम पर पहले भी दर्ज कई मामले। 2011 के दंगे से पहले भी हुई थी ऐसी ही हरकतें
रुद्रपुर(खबर धमाका)। रुद्रपुर के भूत बंगला में पुलिस के सस्पेंड चल रहे जवान की हरकतों से मामला पूरी तरह गर्म है। महकमे ने यदि इसे गंभीरता से नहीं लिया तो फिर हालात बिगड सकते हैं,इसकी आशंकाएं पूरी तरह प्रवल नजर आ रही है।
बता दें कि बकरा ईद से पहले महापौर विकास शर्मा खुले में कुर्बानी पर रोक रोक लगाने के निर्देश दिए दिए थे। विधायक शिव अरोरा ने भी इसको लेकर एसएसपी अजय गणपति से मिलकर साफ किया था कि हाईकोर्ट के आदेशों का पूरी तरह पालन किया जाए।इसको लेकर पहले दिन पुलिस पूरी तरह मुस्तैद रही थी, लेकिन अगले दिन पुलिस के ही सस्पेंड जवान अजीम पर भूत बंगला में बाल्मीकि मंदिर के बाहर मीट के अवशेष फेंकने के आरोप लगे थे, लोगों का तो यह भी कहना था कि आजम ने मंदिर के पास ही कुर्बानी दी थी,वो तो भला हो बाल्मीकि समाज के लोगों का जिन्होंने समझदारी दिखाई और विवाद न करके कानून का सहारा लिया, लेकिन पुलिस ने इस सम्वेदनशील मामले में आरोपी पर शांति भंग की कार्यवाही करके आरोपी फिर खुला छोड़ दिया।
इधर रविवार को फिर आजम पर वही हरकतें करने के आरोप लगे हैं। मौके पर पहुंचे विधायक शिव अरोरा ने भी नाराजगी जताई है,तो भूत बंगला के बाल्मीकि समाज की गुस्सा देखने लायक है, यानी की भूत बंगला के हिंदू समाज में कहीं न कहीं गुस्सा भरा हुआ है, यदि वह बाहर आया तो कुछ भी हो सकता है।
इसके लिए हम आप को 2011के दंगे की याद दिलाते हैं, दंगे से पहले कुछ शरारती लोगों ने इसी प्रकार की घटनाओं को अंजाम दिया था और जिसके बाद शहर किस तरह जल उठा था यह सभी देख चुके हैं।
इसकी नौवत फिर खड़ी न हो इसके लिए पुलिस अफसरों को पहले ही सख्ती से कार्रवाई करनी चाहिए।
